राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू रविवार शाम को तीन देशों की यात्रा के पहले चरण में अल्जीरिया की राजधानी अल्जीयर्स पहुंची। जहां उन्होंने राष्ट्रपति अब्देलमदजीद तेब्बौने से मुलाकात की, जिस दौरान उन्होंने भारत और अल्जीरिया के बीच द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा की और सभी क्षेत्रों में संबंधों को मजबूत करने पर सहमति जताई।विदेश मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए लिखा कि भारत-अल्जीरिया संबंधों को गति प्रदान करते हुए! राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज अल्जीरिया के राष्ट्रपति तेब्बौनेअमदजीद से मुलाकात की। बता दें कि अल्जीरिया के बाद राष्ट्रपति मुर्मू मॉरिटानिया और मलावी की यात्रा करेंगे।
राष्ट्रपति ने की भारतीय मूल के लोगों से मुलाकात
अल्जीरिया की राजधानी अल्जीयर्स पहुंचने के बाद भारतीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भारतीय समुदाय के साथ बातचीत की, जिसके बाद उन्होंने कहा कि नेशनल लिबरेशन फ्रंट ऑफ अल्जीरिया के प्रमुख 50 के दशक के अंत और 60 के दशक की शुरुआत में भारत में मौजूद थे और जब 1962 में अल्जीरिया स्वतंत्र हुआ, तो भारत अल्जीरिया का समर्थन करने के लिए वहां मौजूद था और हमने तुरंत नए राज्य के साथ राजनयिक संबंध स्थापित किए। जानकारी के अनुसार अल्जीरिया में विभिन्न परियोजनाओं और प्रतिष्ठानों में लगभग 3,800 भारतीय काम कर रहे हैं, उनमें से कई तकनीकी रूप से कुशल व्यक्ति हैं जो दूरदराज के क्षेत्रों में परियोजनाओं पर काम कर रहे हैं। बड़ी संख्या में श्रमिक अर्ध-कुशल हैं और राजमिस्त्री, बढ़ई, पेंटर और वेल्डर के रूप में काम करते हैं।
विदेश मंत्रालय ने दी जानकारी
विदेश मंत्रालय ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और अल्जीरिया के राष्ट्रपति अब्देलमदजीद तेब्बौने के साथ हुई बैठक की कुछ तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि दोनों नेताओं ने भारत-अल्जीरिया संबंधों की समीक्षा की और सभी क्षेत्रों में संबंधों को मजबूत करने की दिशा में काम करने पर सहमति जताई।
भारत और अल्जीरिया के व्यापारिक संबंध
अल्जीरिया में भारतीय दूतावास के द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार 2022-23 के दौरान भारत से अल्जीरिया को निर्यात 613 मिलियन अमरीकी डॉलर था जो 2023-24 में बढ़कर 848.16 मिलियन अमरीकी डॉलर हो गया। 2022-23 के दौरान भारत का आयात 1.5 बिलियन अमरीकी डॉलर था और 2023-24 के दौरान 885.54 मिलियन अमरीकी डॉलर था। बता दें कि राष्ट्रपति मुर्मू ने अल्जीयर्स में मकाम इचाहिद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की और अल्जीरियाई स्वतंत्रता संग्राम में शहिद होने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि भी दी। इसके साथ ही राष्ट्रपति ने मौदजाहिद के राष्ट्रीय संग्रहालय का भी दौरा किया, जो अल्जीरिया के मुक्ति संघर्ष की याद दिलाता है।
